Friday, 5 November 2021

"एहरो तोहीं के देखय के हऽ"। श्री स्वामी धर्मात्मा नन्द जी महाराज ५/११/२०२१

वर्ष २०२१की दीपावली ०५नवम्बर को पड़ी।
मैं चूरा और ५किलो गुड़ के प्रसाद के साथ ५००रुपये का झालर बत्ती लेकर दीपावली से एक दिन पहले ही आश्रम पर पहुंच गया। नारायण जी एवं सुनील जी के सहयोग से सतगुरु के आसन को झालर बत्ती से सजाया।
दीपावली को काजू बादाम किशमिश और गरी के प्रसाद के साथ शाम की आरती में शामिल हुआ।
आरती भजन के बाद श्री स्वामी जी के साथ सेल्फी और फोटो सेशन हुआ। महाराज जी ने कहा "यादगारी रही,बच्चू!"
        सच में इस बार की दीपावली यादगार रही।

दीपावली के दूसरे दिन हमने धान कटाई की सेवा किया।

गोवर्धन पूजा के दिन आरती के बाद मैं श्री स्वामी जी को उनके कक्ष तक छोड़ने गया।
     श्री स्वामी जी ने मुझसे कहा जल्दी शादी ब्याह करके खाली हो जा बच्चू!एहरो तोहीं के देखय के हऽ।।

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